मार्गोट रॉबी ने पहना ऐतिहासिक ताजमहल हीरा हार, भारत की खोई विरासत पर बहस तेज
लॉस एंजेलिस: हॉलीवुड अभिनेत्री मार्गोट रॉबी हाल ही में लॉस एंजेलिस में एक हाई-प्रोफाइल कार्यक्रम के दौरान ऐतिहासिक ताजमहल हीरा हार पहनकर नजर आईं, जिससे वैश्विक स्तर पर चर्चा शुरू हो गई। लगभग ₹72–74 करोड़ मूल्य वाला यह दुर्लभ आभूषण मुगलकालीन भारत से गहराई से जुड़ा माना जाता है और इसे मुगल सम्राट जहांगीर की पत्नी नूरजहां से जोड़ा जाता है।
ताजमहल हार को उसकी बारीक कारीगरी और सांस्कृतिक महत्व के लिए ऐतिहासिक आभूषणों की उत्कृष्ट कृति माना जाता है। समय के साथ यह हार पश्चिमी संग्रहों में पहुंचा और बाद में प्रसिद्ध अभिनेत्री एलिज़ाबेथ टेलर के आभूषण संग्रह का हिस्सा बना, जो कई ऐतिहासिक गहनों की मालिक थीं।
मार्गोट रॉबी द्वारा इस हार को पहनने के बाद, विशेष रूप से भारतीय सोशल मीडिया पर, यह सवाल उठने लगे कि इतनी सांस्कृतिक रूप से महत्वपूर्ण धरोहर भारत से कैसे बाहर चली गई। कई लोगों ने इसके पीछे औपनिवेशिक काल का हवाला दिया, जब भारत की कई अमूल्य धरोहरें विदेशों में चली गईं।
इतिहासकारों का कहना है कि राजनीतिक उथल-पुथल और औपनिवेशिक शासन के दौरान कई शाही भारतीय आभूषण बेचे गए, उपहार में दिए गए या स्थानांतरित हुए, जो बाद में पश्चिमी निजी संग्रहों और नीलामी घरों में पहुंचे। हालांकि ताजमहल हार की पूरी ऐतिहासिक यात्रा पर अब भी बहस है, लेकिन इसका मुगल इतिहास से जुड़ाव विद्वानों और आभूषण विशेषज्ञों को आज भी आकर्षित करता है।
इस हार पर फिर से ध्यान केंद्रित होने से सांस्कृतिक विरासत, औपनिवेशिक इतिहास और ऐतिहासिक धरोहरों के संरक्षण पर बहस एक बार फिर तेज हो गई है। कई लोगों के लिए यह हार सिर्फ एक आभूषण नहीं, बल्कि भारत की समृद्ध कलात्मक और शाही विरासत का प्रतीक है।



